भारत सरकार ने 1982 के एंटी हाइजैकिंग कानून में संशोधन करने का फैसला किया है. प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में फैसला लिया गया है कि हाईजैक विरोधी क़ानून को और कड़ा कर दिया जाए.
अब इस क़ानून में यह प्रावधान होगा कि विमानों अपहरण की कोशिश करने की सज़ा मृत्युदंड होगी.
दूसरा महत्वपूर्ण निर्णय यह लिया गया है कि अगर ऐसा लगा कि विमान का अपहरण कर उसे किसी महत्वपूर्ण इमारत से टकराया जा सकता है तो उस विमान को विमान को शूट कर दिया जाए.

