3जी स्पेक्ट्रम की नीलामी से केंद्र सरकार को 67718.95 करोड़ रुपए मिलने की उम्मीद है. इससे पहले 3जी और ब्रॉडबैंड नीलामी से करीब 35 हजार करोड़ रुपए प्राप्त होने की आशा थी, इसके विपरीत मात्र 3जी नीलामी से ही सरकार को 67 हजार करोड़ रुपए से अधिक की आय हो गई है. ब्रॉडबैंड वायरलेस की नीलामी शुरू होगी.
3जी सेवा के माध्यम से भारी डाटा भी तीव्रता से भेजा जा सकेगा. मोबाइल पर वीडियो चैट सम्भव हो जाएगी. टीवी तथा सीनेमा देखना व ऑनलाइन गाने सुनता भी सरल हो जाएगा.
अभी दूरसंचार मंत्रालय को रक्षा मंत्रालय से स्पेक्ट्रम हासिल कर कंपनियों को देना है अतः भारत में निजी कंपनियों की 3जी सेवा दिसंबर 2010 के बाद शुरू हो पाएगी.
रिलायंस कम्युनिकेशंस को 13, भारती एयरटेल को 12, आइडिया सेल्यूलर को 11, टाटा को 9 तथा वोडाफोन एस्सार को 9 सर्किलों में 3जी स्पेक्ट्रम मिला है.

